72nd National Film Awards 2026का समारोह पहली बार गुजरात के एकता नगर में हुआ। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अनंत नाग, यामी गौतम, ममूटी और कार्तिक आर्यन समेत विजेताओं को सम्मानित किया
नई दिल्ली/गुजरात: 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार 2026 का पुरस्कार समारोह इस बार एक नए स्थान और नए अंदाज में आयोजित हो रहा है। 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू विजेताओं को सम्मानित करेंगी। यह पहली बार है जब राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों का मुख्य समारोह नई दिल्ली से बाहर आयोजित किया जा रहा है। समारोह स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के पास आयोजित किया जा रहा है।
यह पुरस्कार वर्ष 2024 में भारतीय सिनेमा में किए गए उत्कृष्ट काम के लिए दिए जा रहे हैं। इस संस्करण में करीब 92 विजेताओं को अलग-अलग श्रेणियों में सम्मानित किया जाएगा। दिग्गज कन्नड़ अभिनेता अनंत नाग को 2024 के लिए प्रतिष्ठित दादासाहेब फाल्के पुरस्कार दिया जाएगा।
पहली बार दिल्ली से बाहर हुआ राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह
राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों का मुख्य समारोह लंबे समय से नई दिल्ली में आयोजित होता रहा है। विज्ञान भवन इस आयोजन का प्रमुख स्थल रहा है। लेकिन 72वें संस्करण के साथ इस परंपरा में बदलाव किया गया है।
इस बार गुजरात के एकता नगर, जिसे पहले केवड़िया के नाम से जाना जाता था, को समारोह के लिए चुना गया है। यह स्थान स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के नजदीक स्थित है।
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने इस बदलाव को ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना से जोड़ा है। सरकार की योजना भविष्य में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह को देश के अलग-अलग राज्यों में आयोजित करने की भी है।
कब और कहां होगा समारोह?
72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों का समारोह 22 सितंबर 2026 को गुजरात के एकता नगर में आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम दोपहर 3 बजे शुरू होना निर्धारित है।
जो लोग कार्यक्रम में शामिल नहीं हो सकते, वे इसे ऑनलाइन देख सकते हैं। समारोह का लाइव प्रसारण दूरदर्शन नेशनल के YouTube चैनल पर किया जा रहा है।
गौरतलब है कि पुरस्कारों के विजेताओं की घोषणा पहले ही 18 जुलाई 2026 को की जा चुकी थी। इसलिए 22 सितंबर का कार्यक्रम विजेताओं को औपचारिक रूप से सम्मानित करने का समारोह है।
अनंत नाग को मिलेगा दादासाहेब फाल्के पुरस्कार
समारोह का सबसे खास आकर्षण दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया जाना है।
अनंत नाग ने पांच दशक से ज्यादा लंबे फिल्मी करियर में मुख्य रूप से कन्नड़ सिनेमा के साथ-साथ हिंदी और अन्य भारतीय भाषाओं की फिल्मों में भी काम किया है। उनके करियर में 300 से अधिक फिल्मों का योगदान बताया गया है।
उनका जन्म 4 सितंबर 1948 को मुंबई में हुआ था। वह दिवंगत अभिनेता-निर्देशक शंकर नाग के छोटे भाई हैं। उन्हें 2025 में पद्म भूषण से भी सम्मानित किया गया था।
‘आर्टिकल 370’, यामी गौतम और ममूटी समेत कई बड़े विजेता
72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में कई चर्चित फिल्मों और कलाकारों को सम्मान मिला है।
‘आर्टिकल 370’ को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म का पुरस्कार मिला। इसी फिल्म के लिए यामी गौतम को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का सम्मान दिया गया।
सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का पुरस्कार संयुक्त रूप से ममूटी को ‘ब्रह्मयुगम’ और कार्तिक आर्यन को ‘चंदू चैंपियन’ के लिए मिला। यह कार्तिक आर्यन का पहला राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार है।
वहीं ‘कल्कि 2898 एडी’ को सर्वश्रेष्ठ मनोरंजक फीचर फिल्म का पुरस्कार मिला।
‘अमरन’ के लिए राजकुमार पेरियासामी को सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार
निर्देशन के क्षेत्र में राजकुमार पेरियासामी को फिल्म ‘अमरन’ के लिए सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार मिला।
इस संस्करण में ‘पुष्पा: द रूल पार्ट 2’, ‘भूल भुलैया 3’ और ‘स्त्री 2’ जैसी लोकप्रिय फिल्मों को भी अलग-अलग श्रेणियों में सम्मान मिला।
पुरस्कारों में हिंदी के अलावा मराठी, तमिल, मलयालम, तेलुगु, कन्नड़, संथाली, तुलु और अन्य भाषाओं की फिल्मों को भी जगह मिली है।
संथाली फिल्म ‘भंगार’ को सर्वश्रेष्ठ नॉन-फीचर फिल्म
इस बार नॉन-फीचर फिल्म श्रेणी में भी खास उपलब्धि दर्ज हुई है।
‘भंगार’ को सर्वश्रेष्ठ नॉन-फीचर फिल्म का पुरस्कार मिला। यह संथाली भाषा की फिल्म है और इस श्रेणी में संथाली सिनेमा के लिए यह एक महत्वपूर्ण पहचान है।
यह सम्मान भारतीय सिनेमा में क्षेत्रीय और आदिवासी भाषाओं में हो रहे फिल्म निर्माण की विविधता को भी सामने लाता है।
गुजरात में क्यों आयोजित हुआ समारोह?
राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को दिल्ली से बाहर ले जाने का उद्देश्य समारोह को देश के अलग-अलग हिस्सों तक पहुंचाना है।
गुजरात में आयोजन के साथ राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को पहली बार राजधानी से बाहर एक अलग राष्ट्रीय मंच मिला है। भविष्य में भी समारोह को अलग-अलग राज्यों में आयोजित करने की योजना बताई गई है।
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के आसपास एकता नगर का चयन भी इस आयोजन को अलग पहचान देता है। यह स्थान देश के प्रमुख पर्यटन और राष्ट्रीय स्मारकों में शामिल है।
समारोह के लिए किए गए खास इंतजाम
एकता नगर में पुरस्कार समारोह के लिए बड़े स्तर पर तैयारियां की गई हैं। समारोह में फिल्म इंडस्ट्री के कलाकारों, फिल्म निर्माताओं, पुरस्कार विजेताओं, सरकारी प्रतिनिधियों और अन्य मेहमानों के शामिल होने की उम्मीद है।
स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के आसपास तैयार किया गया आयोजन स्थल इस बार के राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों को दिल्ली में होने वाले पारंपरिक समारोह से अलग रूप देता है।
कैसे चुने गए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के विजेता?
72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के लिए देशभर से बड़ी संख्या में प्रविष्टियां प्राप्त हुई थीं। पुरस्कारों में फीचर फिल्म, नॉन-फीचर फिल्म और सिनेमा पर लेखन जैसी श्रेणियां शामिल हैं।
विजेताओं के चयन के लिए ज्यूरी प्रक्रिया अपनाई गई। पहले क्षेत्रीय स्तर पर फिल्मों और प्रविष्टियों की समीक्षा की गई और इसके बाद केंद्रीय ज्यूरी ने अंतिम चयन किया।
नेशनल फिल्म डेवलपमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NFDC) राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों के प्रशासन से जुड़ा प्रमुख संस्थान है।
कार्तिक आर्यन भी पहुंचे एकता नगर
अभिनेता कार्तिक आर्यन पुरस्कार समारोह से पहले एकता नगर पहुंच गए। उन्होंने स्टैच्यू ऑफ यूनिटी से अपनी तस्वीरें सोशल मीडिया पर साझा कीं।
‘चंदू चैंपियन’ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीतने वाले कार्तिक के लिए यह समारोह खास है, क्योंकि यह उनका पहला राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा पुरस्कार प्रदान किए जाने के साथ 72वां राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार समारोह भारतीय सिनेमा के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर बन गया है।
दशकों तक दिल्ली में आयोजित होने के बाद अब राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार गुजरात के एकता नगर पहुंच गए हैं। अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के पुरस्कार, जबकि यामी गौतम, ममूटी, कार्तिक आर्यन और कई अन्य कलाकारों को उनके काम के लिए राष्ट्रीय सम्मान मिल रहा है।
