INSCOST फ्रेमवर्क भारतीय इंश्योरेंस सेक्टर में कॉस्ट मैनेजमेंट, गवर्नेंस, डिस्क्लोजर और लागत पारदर्शिता को मजबूत करेगा
नई दिल्ली: द इंस्टीट्यूट ऑफ कॉस्ट अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICMAI) भारतीय इंश्योरेंस सेक्टर के लिए INSCOST कॉस्ट मैनेजमेंट और गवर्नेंस फ्रेमवर्क पेश करने जा रहा है। इसका उद्देश्य इंश्योरेंस कंपनियों में लागत प्रबंधन, पारदर्शिता, डिस्क्लोजर और एश्योरेंस से जुड़ी प्रक्रियाओं को मजबूत करना है।
INSCOST के 2026 के पहले संस्करण में इंश्योरेंस सेक्टर के विभिन्न क्षेत्रों के लिए अलग-अलग जरूरतों को शामिल किया गया है। इसमें लाइफ, जनरल, हेल्थ, रीइंश्योरेंस और पब्लिक सेक्टर इंश्योरर्स के लिए दिशा-निर्देश दिए गए हैं।
ICMAI के अध्यक्ष CMA चित्तरंजन चट्टोपाध्याय कार्यक्रम में शामिल होंगे। उनके साथ संस्थान के वरिष्ठ अधिकारी, इंश्योरेंस इंडस्ट्री के विशेषज्ञ, कॉस्ट एंड मैनेजमेंट अकाउंटेंट्स और अन्य स्टेकहोल्डर्स भी मौजूद रहेंगे।
यह फ्रेमवर्क इंश्योरेंस इंडस्ट्री में लागत से जुड़े फैसलों और रिपोर्टिंग को अधिक व्यवस्थित करने पर ध्यान देता है। इसके साथ ही लागत की पारदर्शिता और गवर्नेंस को बेहतर बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
यह पहल ऐसे समय में आई है जब इंश्योरेंस डिस्ट्रीब्यूशन के इकोनॉमिक्स पर नियामकीय स्तर पर चर्चा हो रही है। IRDAI ने 23 सितंबर 2026 को इस विषय पर पब्लिक कंसल्टेशन पेपर जारी किया था।
